Muzaffarpur Saraiya woman family attacked by neighbors
मुजफ्फरपुर (सरैया), 1 फरवरी 2026। बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के सरैया थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम बहिलवारा भुआल उत्तरी में एक महिला और उसके पूरे परिवार पर हुए कथित जानलेवा हमले का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। इस सनसनीखेज घटना में शिकायतकर्ता गायत्री देवी, पति अजीत झा ने अपने ही पड़ोसियों पर सामूहिक रूप से हमला करने, अश्लील गाली-गलौज करने और धारदार हथियार से जान लेने की नीयत से हमला करने का आरोप लगाया है।
पीड़िता के अनुसार, दिनांक 1 फरवरी 2026 को वह अपने घर की मरम्मत के लिए बुलाए गए मजदूरों को काम समझाने के उद्देश्य से घर के पीछे जा रही थीं। इस दौरान उन्हें पड़ोसी के दरवाजे से होकर गुजरना पड़ा, जिस पर आरोपी बिस्वजीत कुमार मिश्रा, जो एक सरकारी स्कूल में शिक्षक बताए जा रहे हैं, ने आपत्ति जताते हुए गाली-गलौज शुरू कर दी। आरोप है कि उन्होंने अत्यंत अश्लील एवं अभद्र भाषा का प्रयोग किया। जब गायत्री देवी ने शांति से अपनी बात रखते हुए विवाद टालने का प्रयास किया, तो स्थिति और उग्र हो गई।
शिकायत में कहा गया है कि इसी दौरान आरोपी का पूरा परिवार एकजुट होकर बाहर निकल आया और यह कहते हुए कि “अभी तो हमने कुछ किया ही नहीं है”, सभी ने लाठी-डंडे, लोहे की रॉड और कुल्हाड़ी के बट से हमला कर दिया। धारदार हथियार से पीड़िता के चेहरे पर वार किया गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर ज़मीन पर गिर पड़ीं।
चीख-पुकार सुनकर पीड़िता के पति अजीत झा और उनके दोनों पुत्र आदर्श कुमार झा एवं आदेश कुमार झा उन्हें बचाने पहुंचे, लेकिन आरोप है कि हमलावरों ने चारों को घेरकर जान से मारने की नीयत से हमला कर दिया। विशेष रूप से आदेश कुमार झा को गंभीर रूप से पीटा गया, जिससे वह मौके पर ही गिर पड़े। स्थानीय ग्रामीणों के हस्तक्षेप से किसी तरह पीड़ित परिवार की जान बच सकी।
इस मामले में शिकायतकर्ता गायत्री देवी ने जिन लोगों को नामजद आरोपी बनाया है, उनमें
- बिस्वजीत कुमार मिश्रा (सरकारी स्कूल शिक्षक),
- अभिजीत कुमार मिश्रा,
- अमीषा कुमारी,
- अनामिका कुमारी (इन सभी के पिता – संजय मिश्रा),
- संजय मिश्रा, पिता – सूर्यकांत मिश्रा,
- रेखा देवी, पिता – सूर्यकांत मिश्रा,
- बबीता देवी, पति – संजय मिश्रा
शामिल हैं। सभी आरोपी ग्राम एवं पोस्ट -बहिलवारा भुआल उत्तरी, थाना- सरैया, जिला – मुजफ्फरपुर के निवासी बताए जा रहे हैं।
घटना के बाद सभी घायलों का इलाज सरकारी स्वास्थ्य केंद्र में कराया गया। पीड़ित पक्ष के पास मौजूद मेडिकल रिपोर्ट में शरीर के विभिन्न हिस्सों में गंभीर चोटों, धारदार हथियार से किए गए हमले और जानलेवा चोटों का उल्लेख बताया जा रहा है। पीड़िता का आरोप है कि घटना की लिखित सूचना तत्काल सरैया थाना में दी गई, लेकिन इसके बावजूद सभी नामजद आरोपी घटना के बाद से फरार हैं, जिससे पूरे परिवार को जान का गंभीर खतरा बना हुआ है।

कानूनी सलाहकारों के अनुसार यह मामला अत्यंत गंभीर प्रकृति का माना जा रहा है। उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 के अंतर्गत धारा 115 (स्वेच्छा से चोट पहुंचाना), धारा 118(2) (खतरनाक हथियार से गंभीर चोट), धारा 109 (सामूहिक आपराधिक कृत्य), धारा 126(2) (आपराधिक धमकी), धारा 131 (महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाने हेतु अश्लील भाषा का प्रयोग) तथा धारा 190 (गैरकानूनी जमाव) सहित अन्य सुसंगत धाराएं लागू हो सकती हैं। यदि जांच में जान से मारने की मंशा प्रमाणित होती है, तो और कठोर धाराओं का जुड़ना भी संभव है।
पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक, न्यायालय और महिला आयोग से मामले में हस्तक्षेप की मांग करते हुए आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी और परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने की अपील की है। अब देखना यह होगा कि पुलिस प्रशासन इस गंभीर अपराध में कितनी तत्परता और सख्ती दिखाता है।
